स्टार डेल्टा स्टार्टर : रोटर रेजिस्टेंस स्टार्टर : auto transformer starter

 स्टार डेल्टा स्टार्टर

स्टार डेल्टा स्टार्टर में सबसे पहले स्विच की सहायता से मोटर की स्टेटर वाइंडिंग को स्टार में कनैक्ट किया जाता है, जो मोटर की स्टेटर वाइंडिंग को कम फेज वोल्टेज प्रदान करती है यानी के यह लाइन वोल्टेज का 1/√3 वा हिस्सा प्रदान करती है। जब मोटर स्टार्ट हो जाती है फिर दोबारा से स्विच की सहायता से मोटर की स्टेटर वाइंडिंग को डेल्टा में जोड़ दिया जाता है, डेल्टा में जुड़ते ही मोटर की वाइंडिंग पूर्ण लाइन वोल्टेज लेने लगती है। इस प्रकार स्टार्टिंग में मोटर को कम वोल्टेज प्राप्त होती है और मोटर सफलता पूर्वक स्टार्ट हो जाती है।
स्टार डेल्टा स्टार्टर द्वारा स्टार्ट की जाने वाली इंडक्शन मोटर की अभिकल्पना विशेष प्रकार से की जाती है, ताकी उसकी स्टेटर वाइंडिंग, स्टार्टिंग समय के दौरान, पहले स्टार में कनैक्ट हो और उसके ठीक बाद डेल्टा में कनैक्ट हो ताकि असामान्य वोल्टेज के झटकों पर टिक सके।स्टार डेल्टा स्टार्टर का उपयोग 5 से 20 hp तक की मोटरों के लिए किया जाता है।

ओटो ट्रांसफॉर्मर स्टार्टर

ओटो ट्रांसफॉर्मर स्टार्टर में सबसे पहले स्टार्टर स्विच की सहायता से मोटर के कनैक्शन सिरों को ओटो ट्रांसफॉर्मर के आरम्भिक सिरों से जोड़ा जाता है, ताकि ओटो ट्रांसफॉर्मर की सहायता से मोटर की स्टेटर वाइंडिंग को न्यून वोल्टेज प्राप्त हो और मोटर स्टार्ट हो जायें। जब मोटर स्टार्ट हो जाती है फिर ओटो ट्रांसफॉर्मर की सहायता से सप्लाई वोल्टेज को धीरे धीरे बढ़ाकर फुल वोल्टेज प्रदान की जाती है। अन्त में दौबारा स्टार्टिंग स्विच की सहायता से मोटर के कनैक्शन सिरों को प्रत्यक्ष लाइन वोल्टेज के रनिंग सिरों से जोड़ दिया जाता है।
यहां एक ओटो ट्रांसफॉर्मर स्टार्टर को थ्री फेज स्काइरल केज टाइप इंडक्शन मोटर के साथ कनैक्ट किया गया है। इंडक्शन मोटर की स्टार्टिंग की यह विधि उक्त वर्णित प्राइमरी रेजिस्टेंस स्टार्टिंग विधि का ही एक विकसित रूप है। जिससे स्टार और डेल्टा कनैक्ट स्टेटर वाइंडिंग वाली या दोनों प्रकार की थ्री फेज इंडक्शन मोटरों की स्टार्टिंग सफलता पूर्वक सम्भव है। 
ओटो ट्रांसफॉर्मर स्टार्टर का उपयोग 20hp से अधिक क्षमता वाली इंडक्शन मोटर में किया जाता है।

रोटर रेजिस्टेंस स्टार्टर

रोटर रेजिस्टेंस स्टार्टर एक ऐसा स्टार्टर होता है जो स्टार्टर परिवर्तनीय प्रतिरोध के सिद्धांत से रोटर सर्किट में धारा को नियंत्रित करता है। इस स्टार्टर को केवल स्लिप रिगं इंडक्शन मोटर या फेज वाउण्ड रोटर टाइप इंडक्शन मोटर के रोटर के साथ श्रेणी में प्रयोग किया जाता है। इस स्टार्टर का उपयोग स्काइरल केज रोटर टाइप इंडक्शन मोटर के रोटर के साथ सम्भव नहीं है, क्योंकि इसमें स्लिप रिगं नहीं होती है। इसका उपयोग केवल स्लिप रिगं इंडक्शन मोटर में ही सम्भव है। इसलिए इसे स्लिप रिगं मोटर स्टार्टर भी कहते है। 

इसमें सर्वप्रथम रोटर सर्किट के श्रेणी में स्टार्टर के सम्पूर्ण प्रतिरोध को स्लिप रिगं द्वारा कनैक्ट किया जाता है, ताकि रोटर वाइंडिंग में प्रेरित धारा का मान कम से कम हो और टाॅर्क अधिक से अधिक हो। रोटर धारा का मान रोटर टाॅर्क के व्यूत्क्रमानुपाती होता है और रोटर टाॅर्क का मान रोटर रेजिस्टेंस के समानुपाती होता है। जब मोटर स्टार्ट हो तब रोटर के परिपथ से स्टार्ट रेजिस्टेंस को धीरे धीरे कम करते है और अन्त में सम्पूर्ण प्रतिरोध को परिपथ से हटा देते है और इस तरह से मोटर स्टार्ट हो जाती है।

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